Land for Job Scam: ED द्वारा लालू यादव से पूछताछ जारी
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इससे पहले 18 मार्च 2025 को लालू यादव की पत्नी राबड़ी देवी और बेटे तेजप्रताप यादव से भी ईडी ने पूछताछ की थी।
भाजपा विधायक हरि भूषण ठाकुर बचौल ने कहा कि "लालू प्रसाद यादव ने भ्रष्टाचार से अकूत संपत्ति बनाई है। जो कभी छोटे मकान में रहते थे, वे अब महलों में रह रहे हैं।"
सीबीआई की चार्जशीट के अनुसार, 2004 से 2009 के बीच जब लालू यादव रेल मंत्री थे, तब रेलवे की ग्रुप-डी नौकरियों के बदले उम्मीदवारों से जमीन और संपत्तियां ली गई थीं।
इस मामले में लालू परिवार के पांच सदस्य – लालू प्रसाद, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव, तेज प्रताप यादव, हेमा यादव और मीसा भारती आरोपी बनाए गए हैं।
राजद नेता मुकेश रोशन ने कहा कि "जब भी सत्ता परिवर्तन के आसार होते हैं, तब ईडी और सीबीआई को सक्रिय किया जाता है। बिहार में भी जल्द ही बदलाव होने वाला है।"
पटना: राजद सुप्रीमो और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव से प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम गांधी मैदान स्थित दफ्तर में पूछताछ कर रही है। उनके साथ उनकी बड़ी बेटी सांसद मीसा भारती भी मौजूद हैं। ईडी ने लालू यादव से इस मामले में विस्तृत पूछताछ की योजना बनाई है। इस दौरान ईडी दफ्तर के बाहर राजद समर्थकों की भारी भीड़ जमा हो गई, जो सरकार और केंद्रीय एजेंसियों के खिलाफ नारेबाजी कर रही है।
परिवार से पहले भी हो चुकी है पूछताछ
इससे पहले 18 मार्च 2025 को लालू यादव की पत्नी राबड़ी देवी और बेटे तेजप्रताप यादव से भी ईडी ने पूछताछ की थी। जांच एजेंसी ने लालू यादव को सवालों की एक लंबी सूची दी है, जिन पर विस्तृत जवाब मांगे गए हैं। सूत्रों के अनुसार, यह पूछताछ लंबी चल सकती है।
भाजपा-राजद के बीच आरोप-प्रत्यारोप
इस मामले में भाजपा विधायक हरि भूषण ठाकुर बचौल ने कहा कि "लालू प्रसाद यादव ने भ्रष्टाचार से अकूत संपत्ति बनाई है। जो कभी छोटे मकान में रहते थे, वे अब महलों में रह रहे हैं।" वहीं, भाजपा के आरोपों का जवाब देते हुए राजद नेता मुकेश यादव ने कहा कि "यह कार्रवाई चुनाव को प्रभावित करने के लिए की जा रही है। जब-जब चुनाव नजदीक आता है, भाजपा सरकार लालू यादव को निशाना बनाती है।"
क्या है 'लैंड फॉर जॉब' घोटाला?
सीबीआई की चार्जशीट के अनुसार, 2004 से 2009 के बीच जब लालू यादव रेल मंत्री थे, तब रेलवे की ग्रुप-डी नौकरियों के बदले उम्मीदवारों से जमीन और संपत्तियां ली गई थीं। आरोप है कि कई उम्मीदवारों ने अपनी जमीनों को नाम मात्र की कीमत पर लालू यादव के परिवार से जुड़े लोगों के नाम ट्रांसफर किया।
सीबीआई की जांच में खुलासा हुआ था कि इस घोटाले का प्रभाव मुंबई, जबलपुर, कोलकाता, जयपुर और हाजीपुर जैसे रेलवे जोनों में पड़ा था। इस मामले में लालू परिवार के पांच सदस्य – लालू प्रसाद, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव, तेज प्रताप यादव, हेमा यादव और मीसा भारती आरोपी बनाए गए हैं।
अदालत और सीबीआई की कार्रवाई
इस मामले में सीबीआई ने 78 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी। इससे पहले, 30 जनवरी 2025 को अदालत ने सीबीआई को रेलवे के पूर्व प्रशासनिक अधिकारी आर.के. महाजन और रेलवे बोर्ड के एक अन्य अधिकारी के खिलाफ केस चलाने की अनुमति दी थी।
सत्ता परिवर्तन की आशंका
राजद नेता मुकेश रोशन ने कहा कि "जब भी सत्ता परिवर्तन के आसार होते हैं, तब ईडी और सीबीआई को सक्रिय किया जाता है। बिहार में भी जल्द ही बदलाव होने वाला है।"
आगे की जांच
ईडी की पूछताछ पूरी होने के बाद लालू यादव के जवाबों का विश्लेषण किया जाएगा। यदि आवश्यक हुआ, तो उनके परिवार के अन्य सदस्यों को फिर से तलब किया जा सकता है। अब देखना यह होगा कि क्या लालू यादव को इस मामले में राहत मिलती है या उन पर कानूनी शिकंजा और कसता है।